मऊ जिले के घोसी विकासखंड में पंचायत सहायक भर्ती प्रक्रिया में अनियमितता का मामला सामने आया है। सरहरा जमीन सरहरा के निवासी सुधाकर चौहान ने मुख्य विकास अधिकारी को शिकायती पत्र सौंपा है।
सुधाकर चौहान ने बताया कि उन्होंने पंचायत सहायक पद के लिए आवेदन किया था। उनकी मां की कोरोना काल में मृत्यु हो गई थी, जिसके कारण उन्हें वरीयता सूची में स्थान मिलना चाहिए था। लेकिन ब्लॉक के अधिकारियों ने एक ऐसे व्यक्ति का फॉर्म स्वीकार कर लिया, जिसका नाम ब्लॉक रजिस्टर में दर्ज नहीं है।
शिकायतकर्ता के पास सबूत हैं कि जिस व्यक्ति को पहला स्थान दिया गया, वह 10 जुलाई को केरल से चला और 13 जुलाई को मऊ पहुंचा। जबकि आवेदन की अंतिम तिथि 30 जून थी। इसके बावजूद 4 जुलाई का फॉर्म स्वीकार किया गया।
मुख्य विकास अधिकारी प्रशांत नागर ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के लिए एक कमेटी गठित करने की बात कही है। उन्होंने आश्वासन दिया है कि जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर उचित कार्रवाई की जाएगी।
