कुदरहा, बस्ती।कुदरहा विकास क्षेत्र के ग्राम पंचायत रसूलपुर में कड़ाके की ठंड और शीतलहर के बीच मानवता की एक भावुक कर देने वाली तस्वीर सामने आई है। ग्राम पंचायत के प्रधान प्रतिनिधि और भारतीय नौसेना के सेवानिवृत्त जवान अजय कुमार पाल ने अपने निजी संसाधनों से गांव के असहाय और बुजुर्गों की मदद के लिए हाथ आगे बढ़ाए हैं।
निजी धन से की बुजुर्गों की सेवा
भीषण ठंड के प्रकोप को देखते हुए अजय कुमार पाल ने ग्राम पंचायत के लगभग 450 बुजुर्ग महिलाओं और पुरुषों को कंबल वितरित किए। जैसे ही कंबलों का वितरण शुरू हुआ, ग्रामीणों के चेहरे खुशी से खिल उठे। प्रधान प्रतिनिधि ने यह नेक कार्य पूरी तरह से अपने निजी धन से किया है, जिसका मुख्य उद्देश्य गांव के गरीब तबके को ठंड की मार से बचाना है।
ग्रामीणों ने की सराहना
कंबल पाकर बुजुर्गों की आंखों में संतोष और आशीर्वाद के भाव दिखाई दिए। गांव के श्री राम, सुनारा देवी, राम मिलन, शांति देवी, राम ललित, फूल पता देवी, राम किशुन, राम विशुन, भागवत शर्मा और राधिका देवी सहित दर्जनों ग्रामीणों ने फौजी के इस प्रयास की मुक्तकंठ से सराहना की।
ग्रामीणों का कहना है कि अजय कुमार पाल ने न केवल सीमा पर रहकर देश की रक्षा की, बल्कि अब गांव की सेवा में भी एक सच्चे सिपाही की तरह जुटे हुए हैं। उनके इस नेक कार्य की चर्चा अब पूरे क्षेत्र में हो रही है।
“जब देश का जवान सरहद से लौटकर समाज सेवा में उतरता है, तो वह पूरे क्षेत्र के लिए प्रेरणा बन जाता है। अजय कुमार पाल का यह कदम अन्य जनप्रतिनिधियों के लिए भी एक उदाहरण है।” — राम मिलन
एक मिसाल पेश की
बस्ती जनपद के इस छोटे से गांव रसूलपुर से निकली यह पहल बताती है कि यदि जनप्रतिनिधियों में सेवा का भाव हो, तो किसी भी विषम परिस्थिति में समाज की मदद की जा सकती है। वर्तमान समय में जब कड़ाके की ठंड अपने चरम पर है, ऐसे में 450 जरूरतमंदों को राहत पहुंचाना वाकई में एक सराहनीय कार्य है।
